बॉलीवुड़ के शहंशाह दादा !

*बॉलीवुड शहंशाह को दादा
((आखिर दादा साहेब फ़ाल्के))
बॉलीवुड उद्दोग के आला चलचित्र अभिनेताओं में शुमार ओर अग्रगण्य अमिताभ बच्चन साहब को उम्र के 74 वे पड़ाव पर भारतीय फ़िल्म जगत का सर्वोच्च पुरस्कार ओर सम्मान “दादा साहेब ” मिलने की घोषणा हो गयी। पुरस्कार ,सम्मान महज एक मापन है अपने स्तर का …. जिसमे कुछ पा जाते हैं कुछ रह जाते हैं …. इस कड़ी में महान राजेश खन्ना ( सुपर स्टार)साहब , रॉज कुमार साहब( डायलॉग किंग), राजेन्द्र कुमार साब( जुबली कुमार) शम्मी कपूर साहब ( डांस किंग) धर्मेंद्र साहब ( ही-मैन) जो किसी भी लिहाज से कमतर नहीं रहे लेकिन गिरीश कर्नाड भूपेंद्र हजारिका जो नाट्य या रंगमंच के बादशाह रहे उन्हें ये पुरस्कार नसीब हुवे … अर्थात पुरस्कार.. सम्मान के अपने मापन होते हैं… अब आप देखे विश्व का सर्वोच्च पुरस्कार नोबेल महानतम अल्बर्ट आइंस्टीन क और ना ही महान MK गांधी जी को…नहीं मिला … तो क्या उन महामहिमों को कम आंका जाय … नहीं .. कतई नहीं…
*खेर …..
जिस अभिनेता को देश ने सदी का महानायक बिरुद से नवाजा है उसके लिए दादा साहेब पुरस्कार छद्म ही है लेकिन अब देश ने उस महान सोच और धुन के धनी ढुंडीराज फ़ाल्के साब जिन्होंने देश मे फिल्मों की शुरूआत की ओर मनोरंजन जगत को नए आयाम दिए के नाम ये सम्मान स्थापित किया है तो इसे पाकर उस महान शख्सियत को सम्मान अर्पित होता है जब ये सम्मान किसी कलाकार पर बरसता है…. ओर उनके महान प्रयास के कारण सर्वोच्च सम्मान तो बनता है और उन्हें पितामह का दर्जा हासिल है तो निश्चित ये पुरुस्कार अपने आप मे अप्रतिम ओर विरल है…
मैं अमिताभ बच्चन साब की एक्टिंग का मुरीद हूं और बहुत बड़ा फैन भी… उनकी एंग्रीयंगमैन की छवि ने दिल से प्रभावित किया… उन्होनें तो अभिनय के जरिये ये आक्रोश फिल्मी पर्दे पर उड़ेला लेकिन मेरा ओर मेरे जैसे युवाओं का तब का वो आक्रोश अब भी दबा पड़ा है सिस्टम के ख़िलाफ़ कई बार वो रौद्र रूप बाहर आने को मचला लेकिन ऊपरवाले ने आखिर कर रोक लिया कि तू ये काम मत कर उनके लिए मैं हुँ ओर समय है… सो उस पर छोड़ दिया…..
खेर बच्चन साहब की अनगिनत फिल्मों का रसास्वादन किया है और उन फिल्मों की थीम सो बहुत बड़ा दर्शन प्राप्त किया जिससे जीवन आसान नहीं तो मुश्किल भी नहीं रहा..
उनकी आलातरीन फिल्मों में दीवार ,, अदालत, आखरी रास्ता, त्रिशूल , संजोग , कालापत्थर, मुकद्दर का सिकन्दर, डॉन, इंकलाब, जंजीर मेरी सर्वप्रिय फिल्मों में शुमार हैं… वो मेरे रोल मॉडल रहे हैं… ओर उन्होंने मनोरंजन जगत को अनुरंजित किया इसके लिए दर्शक ऋणी रहेंगे…. आप को तहे दिल से बधाई… आप स्वस्थ रहे … इसी मनोकामना के साथ…
*कुछ यादगार ओर अपीलिंग pics शेयर कर रहा हु please have a glimpse…
- इंसमे एक दो भाई दादा साहेब पुरस्कार प्राप्त महान शोमेन ऑफ इंडिया
रॉज कपूर साब
ओर
शशिकपूर साब
बीच मे लंबू उर्फ रियल डॉन
Mr बच्चन
*आपका एक प्रशंसक–
NK सेवक “सनातन”