~ Welcome to the Literary World of NK Sanatan (Naresh Kumar Sevak) ~

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NK Sanatan's Writing Treasure

A Treasure of Thoughts, Poems & Prose
Written Since 1990

Naresh Kumar Sevak (NK Sanatan)
“Some books are to be tasted, others to be swallowed, and some few to be chewed and digested.” – Sir Francis Bacon

हिंदू थे हिंदी थी तभी तो मगरिब के लोगो ने

हिंदू थे हिंदी थी तभी तो मगरिब के लोगो ने
महाभूभी तपोभूमि भारत धरा को हिंदुस्तान कहा

आए कुछ लुटने कुछ राजरजवाडे अधीन करने
लुटने वाले लूट गए कुछ ठहरे बना के अपने

कुछ ने सितम ढाए अस्मतें भी लूटी
आपसी फूट वाले पुरखे मौन देखते रहे

राजा थे तब रजवाड़े कहा रहे थे सोए
इज्ज़ते उनकी सबलाओ की भी लूटी जाने केसे

थी आपसी फूट राज विस्तार की परंपरा
एका नहीं एकता रही बड़ी कमजोरी

सो रहे अधीन जमीदार राजराजवाड़े मिन्नते जी हुजूरी चिरौरी
लेकिन तय जनता से की पूरी वसूली अपने उनके लिए

सो दोहरी आततायाई क्रूरता जनता के हिस्से
वक्त के साए वो छत्रप भी हुवे दास अब फिरंगियों किस्से

कोई कैद कोई पेंशन कोई काला पानी कष्ट धाम

थे छत्रप,जमीदार निशक्त धन बल से
पर धनी रहे तब भी रणबाकुरे शमशीरो भाला बरछी के
रहा धर्म झेलना गोली सदेव फोलादी सीने

उधर अंग्रेज यूनियन जैक बैनर तले बने तकनीकी आयुष के रणी
तोप,बंदूक,गोले और नवांग आयोधो से रहे बड़े शुरी

खरीद किराए के भारतीय टट्टू
किए राज लालच डर दे देश भारत अपने बूते
लेकिन ये निराला आर्यावर्त बना जो हिंदुस्तान
न मुगल न गौरी मंगोल अफगान मिटा सके हिंदू और हिंदुस्ता

नाम दिए गली मोहल्लों बाजार सड़को
हां मुगल मुगलिया अफगान फारस रूतबो
जबरदस्ती भी हुई कहर मौत मोतो के
लेकिन न हिंदू न हिंदुस्ता मिटा
हां पारंपरिक संस्कृति रही जिंदा
कर आत्मसात उस संस्कृति मिश्रण हुवा
आज वो उनके वंशज भारत के मूल वंशज से हुवे घुले
भारत था ही नही थे साम्राज्य और रियाया सूबे
नहीं हुवा कोई इक क्षत्र सम्राट चाहे है अशोक,चंद्रगुप्त श्रीकृष्ण राम के अयोध्याई द्वारिकाधीश किवदंती किस्से
जैसे इंग्लैंड,फ्रांस,जापान के हिरोहितो मसले
लेकिन सत्य यही चोकाता।
की कि आंठसो साल के विषम आक्रांताई राज कुराज के बाद भी
भारत भला लिए हिंदुस्तानी परचम वैसा ही है खड़ा
जैसे आकाश सूरज खड़ा चंद्रकला सा घटा जरूर पर अब भी दमकता चंदा सा
अमर थाती वसुधा भारत की
जो था आर्यावर्त विशाल घना
दुनिया की ये अघोषित पांचवी महाशक्ति
जनसंख्या विशाल इसकी बहादुरी बुद्धिमता के समृद्ध विरल इतिहास से रिसते ।
*Nk सनातन

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