~ Welcome to the Literary World of NK Sanatan (Naresh Kumar Sevak) ~

Quill pen, inkwell and open manuscript pages

NK Sanatan's Writing Treasure

A Treasure of Thoughts, Poems & Prose
Written Since 1990

Naresh Kumar Sevak (NK Sanatan)
“Some books are to be tasted, others to be swallowed, and some few to be chewed and digested.” – Sir Francis Bacon

देश बड़ा या पितृत्वकाश

परख की घड़ी ओर
धर्मसंकट
देशभक्ति बड़ी या के
पीतृत्व
सुना है एक सैनिक को आपात या एक्शन टाइम पर किसी तरह का अवकाश नही मिलता….!
इस तर्ज पर विराट कोहली देश सेवा में हैं …. ओर वो ऑस्ट्रेलिया दौरे पर हैं….. लेकिन खबर देशभक्तो के लिए कभी गाम्भीर्य वाली है कि विराट प्रथम टेस्ट के बाद दौरा अधूरा छोड़ कर भारत लौटेंगे क्योकि उनकी धर्मपत्नी पेट से है और 20 एक रोज में प्रसुता बन जाएगी और विराट अपनी पत्नी और नवजात के साथ एन्जॉय करेंगे पितृ अवकाश।
यदि विराट इतने मशहूर ओर धनी नही होते और उनका नया-नया सेलेक्शन होता तो क्या वो पितृत्वकाश को तरजीह देते नही…. क्योकि तब केरियर का सवाल होता ….. लेकिन अभी स्थापित है तो…. ओर स्थापित हैं तभी उनकी अनुपस्थिति को खबर खुशखबर बताया जा रहा है आलोचको द्वारा ,मीडिया द्वारा।
अब प्रश्न है कि यदि विराट सैनिक होते तो क्या वह एक्शन की परिस्थितियों में अवकाश के बारे में सोच सकते थे … नही….सोचते भी तो अवकाश नही मिलता .. तब देश सेवा सर्वोपरी होता….
*महान सचिन तेंदुलकर के पिताश्री की मृत्यु हो गयी जब वह क्रिकेट टूर पर थे … खबर मिली लेकिन नही लौटे … उन्होंने खेल और देश को महत्व दिया और अपने पिता के सपनो को तरजीह दी और वो तब अपने कैरियर की हाफ जर्नी पर थे ओर मिलिनेयर नही बने थे और बने भी थे तो उन्होंने खेल और देश को महत्ती स्थान दिया पिता की महाक्षति पर भी।
विराट देश की टीम के कप्तान हैं और सबसे अहम बल्लेबाज ऐसे में वो कैसे निर्णय ले सकते हैं दौरे के मध्य दौरा छोड़ लौटने का। ऑस्ट्रेलिया दौरा महज़ दौरा नही वरन सबसे कठिन और चुनोतीपूर्ण दौरा है। उनके नेतृत्व में पिछली बार भारतीय टीम ने महा इतिहास बनाया था ऐसे में उनका दौरे से विलग होना सोचनीय ओर अपच है । क्या वो अंतिम 16 सदस्यों में 12 से 16 की बेंच में होते तो क्या वो पितृत्वकाश की मांग करते नही कतई नही एक खिलाड़ी जो अपना अंतिम एकादश में चयन का इंतजार कर रहा हो ये फैसला नही ले सकता ….. तो विराट ने ये फेसला देश हित मे लिया है …. क्या निज हित देश हित से उपर है…
यदि भारत श्रृंखला हार जाता है तो प्रसंशक ओर देश उन्हें जिम्मेदार नही ठहरायेगा। ओर अनुष्का जो कि क्रिकेट प्रशंसक है जो खुद बड़ी सेलेब्रिटी है कह सकती है अपने पति से की वो दौरे से किसी हाल में न लौटे । अपने खेल और देश को तरजीह दी 4 माह का दौरा है पूरा कर ही आये।
वो बिलकुल स्वस्थ हैं शिशु भी गर्भ ने चुस्त है और सारी शाही सुविधाऐ उपलब्ध हैं तो चिंता की कोई बात नही है… या फिर विराट अनुष्का की डिलीवरी ऑस्ट्रेलिया में करवाये ताकि उनके दौरे ओर बीबी-बच्चे या जच्चा-बच्चा पर कोई फर्क नही पड़े।
ये देश हित मे रहेगा।
*nk सेवक “सनातन”